केंद्र सरकार मोबाइल सिम लेने के लिए 'आधार' नंबर को अनिवार्य करने की
तैयारी में है। वरिष्ठ सूत्रों के अनुसार, 'आधार' परियोजना की समीक्षा के दौरान
पाया गया है कि नए और पुराने मोबाइल कनेक्शन के साथ आधार संख्या अनिवार्य करना
उचित होगा। इससे फर्जी उपभोक्ताओं को पहचानने और अपराध में मोबाइल के दुरुपयोग पर
अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। इस बीच भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण ने कहा है कि
अब तक देश में 70 करोड़ लोगों को आधार कार्ड जारी हो गए हैं।
आधार प्रोजेक्ट की समीक्षा के दौरान सरकार के शीर्ष अधिकारियों ने महसूस किया कि आधार नंबर को नए और पुराने मोबाइल फोन कनेक्शनों से जोड़ना सही कदम होगा। आधार नंबर को पहचान सत्यापन का एकमात्र जरिया बनाने पर आशंका जाहिर कर चुके गृह मंत्रलय ने हाल में यह कहते हुए इसका समर्थन किया है कि इससे व्यक्ति का किसी भी समय, कहीं भी, कैसे भी सत्यापन मुमकिन है। देश की बड़ी आबादी के पास अभी भी आधार कार्ड नहीं हैं, इसलिए सरकार सिम कार्डों को आधार नंबर से जोड़ने का काम धीमी रफ्तार से आगे बढ़ाएगी।
आधार प्रोजेक्ट की समीक्षा के दौरान सरकार के शीर्ष अधिकारियों ने महसूस किया कि आधार नंबर को नए और पुराने मोबाइल फोन कनेक्शनों से जोड़ना सही कदम होगा। आधार नंबर को पहचान सत्यापन का एकमात्र जरिया बनाने पर आशंका जाहिर कर चुके गृह मंत्रलय ने हाल में यह कहते हुए इसका समर्थन किया है कि इससे व्यक्ति का किसी भी समय, कहीं भी, कैसे भी सत्यापन मुमकिन है। देश की बड़ी आबादी के पास अभी भी आधार कार्ड नहीं हैं, इसलिए सरकार सिम कार्डों को आधार नंबर से जोड़ने का काम धीमी रफ्तार से आगे बढ़ाएगी।
इससे पहले यूपीए शासन के दौरान आधार लिंक्ड बैंक अकाउंट को कुकिंग गैस सब्सिडी
लेने के लिए अनिवार्य बनाने की योजना अधर में लटक गई थी। सुप्रीम कोर्ट के अंतरिम
आदेश के बाद इस प्रोजेक्ट को लागू नहीं किया जा सका था। सुप्रीम कोर्ट ने पाया था
कि सरकार किसी भी नागरिक को महज इस वजह से बेनेफिट देने से इनकार नहीं कर सकती है
कि उसके पास आधार नंबर नहीं है। यूनीक आइडेंटिटीफिकेशन
अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईडीएआई) ने अभी तक देश में रह रहे 70 करोड़ लोगों को यूनीक आईडी
नंबर वाले आधार कार्ड जारी किए हैं। यूआईडीएआई के मुताबिक आंध्र प्रदेश, केरल, दिल्ली, हिमाचल सहित 9 राज्यों में 90 फीसदी लोगों और 16 राज्यों में 70 फीसदी लोगों को आधार कार्ड
हासिल हो चुके हैं। उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड और छत्तीसगढ़ में आधार के नॉमिनेशन का काम तेज
रफ्तार से चल रहा है। दिसंबर तक 100 करोड़ लोगों को आधार नंबर
जारी करने का लक्ष्य है।