Tuesday, June 17, 2014

फुटबाल प्रेमी रोमांचित

फीफा वर्ल्ड की पूरी दुनिया में धूम मची हुई है। इसके कारण देश-विदेश में फुटबॉल की मांग काफी बढ़ गई है। एक ओर जहां खिलाड़ियों की किक पर उछलती गेंद को देख फुटबाल प्रेमी रोमांचित हो रहे हैं, वहीं इसके पीछे की एक कड़वी सचाई यह भी है कि इन फुटबॉल को तैयार करने की कड़ी प्रक्रिया में महिलाओं के साथ उनके मासूम बच्चे अहम भूमिका निभा रहे हैं। 
वैसे तो फुटबाल तैयार करने से संबंधित अधिकांश सामान फैक्ट्रियों में तैयार किया जाता है। लेकिन इसके बाहर के लेदर खोल की सिलाई ठेकेदारों के माध्यम से कराई जाती है। ठेकेदार फैक्ट्रियों से खोल का कच्चा माल लेकर देहात क्षेत्र की महिलाओं और नाबालिग बच्चों से इस काम को कराते हैं। महिलाओं और नाबालिग बच्चों से सिलाई कराने के पीछे कारण बताया जाता है कि इनकी उंगलियां पतली व नाजुक होती है, इससे सिलाई साफ और एक समान होती है। गांवों मे यह काम कुटीर उद्योग के रूप में चल रहा है। आजकल गांवों में फुटबाल के लेदर के बाहरी कवर को सिलने का काम तेजी से चल रहा है।
 
इस काम में जुटे एक परिवार के मुखिया का कहना है कि इससे परिवार को अतिरिक्त आय हो जाती है। नाबालिग बच्चों से सिलाई कराने के मामले में वे कहते हैं कि आजकल बच्चों की स्कूल से छुटिट्यां चल रही हैं, इसलिए वे अपनी मां को सहयोग दे रहे हैं। साथ ही वे यह भी कहते हैं कि कवर की सिलाई जितनी अच्छी होती है, उन्हें काम उतना ज्यादा मिलता है।
 

Wednesday, June 11, 2014

दिल्ली में बिजली संकट

दिल्ली में बिजली संकट पर अब कांग्रेस केंद्र में सत्ता में बैठी बीजेपी पर चुटकियां ले रही है। कांग्रेस प्रवक्ता राशिद अल्वी ने कहा है, 'चुनाव से पहले हर हर मोदी, घर घर मोदी होता था। अब हर हर मोमबत्ती, घर घर मोमबत्ती हो गया है।'
बीजेपी ने इस संकट के लिए कांग्रेस सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। मंगलवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने कहा कि पिछली सरकारों ने दिल्ली में बिजली की हालत सुधारने पर काम नहीं किया, इसलिए यह संकट पैदा हुआ है। उन्होंने कहा, 'पिछले 12 साल से बिजली के उत्पादन या वितरण पर कोई काम नहीं हुआ है। पिछली सरकारों ने दिल्ली की बढ़ती आबादी के हिसाब से योजनाएं नहीं बनाई। उनकी संवेदनहीनता की वजह से ही यह संकट पैदा हुआ है।' कांग्रेस का जवाब है कि शीला दीक्षित सरकार के दौरान दिल्ली में बिजली का संकट पैदा नहीं हुआ और दिल्ली को 24 घंटे बिजली मिलती थी, क्योंकि व्यवस्था सही थी। आम आदमी पार्टी भी इस राजनीति में अपना हिस्सा बंटाने के लिए सक्रिय हो गई है। पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल ने ऐलान किया है कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने के लिए वक्त मांगेंगे।
इस बीच दिल्ली के लोगों की परेशानी कम नहीं हुई है। बुधवार रात को भी कई इलाकों में घंटों तक बिजली गायब रही। भजनपुरा में लोगों ने अपना गुस्सा डीटीसी एक बस में आग लगाकर निकाला तो दिलशाद गार्डन ने नारे लगाकर मन बहलाने की कोशिश की।

Wednesday, June 4, 2014

पश्चिम रेलवे इसके नजदीक से गुजरने वाली ट्रेनों की गति कम करने पर सहमत

गुजरात के अमरेली जिले में स्थित गिर वन क्षेत्र के रेल ट्रैकों के आसपास घूमने वाले एशियाई शेरों को दुर्घटना से बचाने के लिये पश्चिम रेलवे इसके नजदीक से गुजरने वाली ट्रेनों की गति कम करने पर सहमत हो गया है। 
गुजरात के मुख्य वन संरक्षक आरएल मीणा ने बताया कि पश्चिमी रेलवे एशियाटिक शेरों की गतिविधियों वाले क्षेत्रों से गुजरने वाले मार्गों पर मालवाहक गाड़ियों की गति धीमी करने पर राजी हो गया है। ताकि ट्रेन चालक रेल पटरियों को पार करते शेरों या शावकों को हादसों से बचा सकें। 
बैठक का आयोजन इस वर्ष गिर वन के छह शेरों की अलग अलग दुर्घटनाओं में ट्रेन की चपेट में आने से हुई मृत्यु को ध्यान में रखते हुये किया गया था। मीना ने बताया कि रेलवे प्रशासन इस मांग पर भी विचार करने को सहमत हो गया है कि सुबह और शाम के समय मालवाहक गाड़ियों का संचालन नहीं किया जाए क्योंकि उस समय क्षेत्र से गुजरने वाली पटरियों पर शेरों की आवाजाही अधिक होती है।